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गरजे कांग्रेसी, मांगा सीएम से इस्तीफा
मप्र में सबसे बड़ा घोटला व्यापमं का है। इस मामले में जहां पूर्व शिक्षामंत्री और आरएसएस के लोगों का नाम शामिल होने की बात सामने आई। मुख्यमंत्री की पत्नि का नाम भी सामने आने पर मप्र कांग्रेस कमेटी ने प्रांतीय व्यापारी धरना देकर सीएम से इस्तीफे की मांग की। कांग्रेसी नेताओं ने पीएम पर भी निशाना साधा और कहा की लोकसभा चुनाव के पहले पीएम 56 इंच का सीना फुलाए घूमते थे, प्रधानमंत्री बनने के बाद उनका सीना 5.6 इंच में सिमट गया है।
मंगलवार को व्यापमं में भ्रष्टाचार को लेकर एक दिवसीय धरने का आयोजन किया गया। धरने को संबोधित करते हुए कांग्रेसी नेताओं ने मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान और पूरे मंत्री समेत प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पर भी जमकर निशाना साधा। सभी ने अपने संबोधन में मुख्यमंत्री से नैतिकता के आधार पर इस्तीफे की मांग की।
व्यापमं बड़ा घोटाला
धरने को संबोधित करते हुए पूर्व सांसद प्रतापभानू शर्मा ने कहा कि व्यापमं प्रदेश का सबसे बड़ा घोटाला है। इसमें मुख्यमंत्री की पत्नि समेत कई लोगों के नाम सामने आ रहे हैं। पूर्व शिक्षा मंत्री तो जेल में हैं, लेकिन उन्हें चलाने वाले सुधीर शर्मा और आरएसएस के नेताओं का नाम भी शामिल है।
प्रतापभानू शर्मा ने कहा कि मोदी सरकार ने केवल इस समय तक रेल किराए में 14.2 प्रतिशत और डीजल, पेट्रोल के दामों में वृद्धि की है। मोदी केवल अपने बुजुर्गो नेताओं को राज्यपाल के पद पर बिठाना चाह रहे हैं। वहीं उन्होंने कहा कि प्रदेश में जब कांग्रेस की सरकार थी तब भी पीएमटी, पीपीटी, पटवारी और अन्य परीक्षाएं होती थी, लेकिन जुलाई 2012 में भाजपा ने व्यापमं के नियमों में परिवर्तन किया। इसी के बदौलत ये घोटाला हुआ है।
जिलाध्यक्ष मेहताब सिंह यादव ने कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में भ्रष्टाचार, महिलाओं पर अत्याचार और किसान आत्महत्याएं कर रहे हैं। मुख्यमंत्री ने बच्चों को भी नहीं छोड़ा, उनके साथ भी खिलवाड़ किया।
मप्र कांग्रेस सचिव शशांक भार्गव ने कहा कि वैसे तो दो मामा की अपने भांजों का बुरा करते थे, लेकिन मुख्यमंत्री खुद को बच्चों को अपना मामा बताते हैं। अब इस मामा ने ही बच्चों का भविष्य अंधकार में डाल दिया है। ऐसे मामा को इस्तीफा देकर एसटीएफ की जांच में सहयोग करना चाहिए, लेकिन ऐसा सीएम ने नहीं किया उल्टा उन्होंने एसटीएफ के अधिकरियों की बैठक बुलाकर जांच को अपने पछ में करने की कोशिश की है। महेन्द्र वर्मा ने कहा कि लक्ष्मीकांत शर्मा का सबसे करीबी व्यक्ति का नाम लेते हुए कहा कि सभी ब्राह्मण को इस चोटी वाले से दूर रहना चाहिए नहीं तो वह किसी को भी बेच सकता है।
सौंपा ज्ञापन
धरने के बाद कांग्रेसियों ने राज्यपाल के नाम नायब तहसीलदार को 5 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। जिसमें मुख्यमंत्री से इस्तीफे की मांग, कांग्रेस के धरने को मेहताबसिंह यादव, मोहित रघुवंशी, रमेश तिवारी, प्रियंका किरार, लक्ष्मणङ्क्षसह रघुवंशी, पानबाई पंथी, रतनङ्क्षसंह यादव, ज्योत्सना यादव, आशा राजपूत, आंनद प्रताप सिंह ने विचार व्यक्त किए। धरने में सुशील शर्मा, दीपक वाजपेयी, राजकुमार पासी समेत अनेक कांग्रेसी शामिल थे।




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